SA vs NZ: साउथ अफ्रीका के खिलाफ पहले सेमीफाइनल मुकाबले में न्यूजीलैंड के गेंदबाजों ने बेहतरीन प्रदर्शन किया। उन्होंने 10 ओवर के अंदर ही आधी टीम को वापस पवेलियन भेज दिया।
SA vs NZ Semifinal: न्यूजीलैंड की दमदार गेंदबाजी ने तोड़ी साउथ अफ्रीका की कमर, 10 ओवर में आधी टीम को भेजा पवेलियन
Table of Contents
SA vs NZ, Dominating performance from New Zealand bowlers: साउथ अफ्रीका और न्यूजीलैंड के बीच आईसीसी टी20 वर्ल्ड कप 2026 का पहला सेमीफाइनल मुकाबला कोलकाता के ईडन गार्डन्स में खेला जा रहा है। न्यूजीलैंड के कप्तान मिचेल सैंटनर ने टॉस जीतकर पहले गेंदबाजी करने का फैसला किया था और कीवी गेंदबाजों ने अपने कप्तान के इस फैसले को सही साबित करते हुए शानदार शुरुआत दिलाई है।
इस हाई-वोल्टेज मुकाबले में न्यूजीलैंड के गेंदबाजों ने शुरुआत से ही कसी हुई गेंदबाजी करते हुए साउथ अफ्रीका के बल्लेबाजों पर दबाव बनाए रखा। लगातार विकेट गिरने के कारण साउथ अफ्रीकी टीम दबाव में नजर आई और 10.1 ओवर के अंदर ही उसकी आधी टीम पवेलियन लौट गई।
SA vs NZ: साउथ अफ्रीका की आधी टीम लौटी पवेलियन
न्यूजीलैंड ने पहले गेंदबाजी करने का फैसला किया और उनके गेंदबाजों ने इसे पूरी तरह सही साबित किया। पारी के दूसरे ही ओवर में कोल मैककॉन्ची ने दो विकेट झटककर साउथ अफ्रीका को शुरुआती झटका दे दिया और टीम दबाव में आ गई।

हालांकि इसके बाद साउथ अफ्रीका ने थोड़ी संभलने की कोशिश की, लेकिन न्यूजीलैंड के गेंदबाज लगातार अंतराल पर विकेट लेते रहे। 8वें, 10वें और 11वें ओवर में एक-एक विकेट गिरने के साथ ही साउथ अफ्रीका की आधी टीम पवेलियन लौट गई। इस दौरान टीम ने सिर्फ 80 रन के स्कोर पर अपने पांच विकेट गंवा दिए।
SA vs NZ: कोल मैककॉन्ची और रचिन रविंद्र ने किया कमाल
न्यूजीलैंड की ओर से कोल मैककॉन्ची और रचिन रविंद्र ने शानदार गेंदबाजी का प्रदर्शन किया। मैककॉन्ची ने पारी के दूसरे ओवर में ही दो अहम विकेट लेकर साउथ अफ्रीका की शुरुआत बिगाड़ दी। वहीं रचिन रविंद्र ने भी दो विकेट हासिल कर टीम को मजबूत स्थिति में पहुंचा दिया। इसके अलावा जेम्स नीशम ने 11वें ओवर में डेवाल्ड ब्रेविस को आउट कर साउथ अफ्रीका की मुश्किलें और बढ़ा दीं।

SA vs NZ: साउथ अफ्रीका पर बढ़ा दबाव
पांच विकेट गिरने के बाद ट्रिस्टन स्टब्स और मार्को यानसेन क्रीज पर मौजूद हैं। ऐसे में टीम पर बड़ा स्कोर खड़ा करने का दबाव साफ नजर आ रहा है। अब इन दोनों बल्लेबाजों पर जिम्मेदारी होगी कि वे पारी को संभालते हुए साउथ अफ्रीका को सम्मानजनक स्कोर तक पहुंचाएं, ताकि बाद में गेंदबाज मुकाबले में टीम की वापसी की उम्मीद जगा सकें।